FANDOM

१,०५५ Pages

http://www.gadyakosh.orgGKMsg2332


































साँचा:GKRachna

रास्ता पैदल का ही था, मगर मेरी तबीयत सुस्त थी। मैंने एक रिक्शावाले को रोक लिया ।

-- चलोगे... स्टेशन?

-- चलूंगा जी, अपना काम ही चलना है। रिक्शावाला गद्दी से उतरकर बाइज्ज़त बोला-- आइए, बैठिए।

किसी रिक्शेवाले से इतना सम्मान पाकर मैं आत्ममुग्ध हो गया। मेरी आवाज़ का अन्दाज़ ही अजब हो उठा-- कितने पैसे लेगा?

-- जो मरज़ी हो दे देना, साहब! रिक्शावाले ने कहा, मगर मुझे उसकी विनम्रता में कोई सदाशयता महसूस नहीं हुई, बल्कि वह मुझे संदेहास्पद प्रतीत होने लगा। रिक्शावाला और उसकी बोलचाल में इतना सलीका, इतनी लज्जत। ...जरूर गुंडई करेगा। बिना कुछ तय किए बैठा लेगा और स्टेशन पर पहुँचकर अपने साथियों के बीच ज़्यादा पैसे मांगकर मुझे जलील करेगा। इसलिए मैंने कुछ खिन्न होकर कहा -- न, तू हमें पहले ही बता दे। अपने–आप पैसे देने का झंझट मैं नहीं पालता।

-- झंझट काहे का साहेब, बीस–पच्चीस पैडल–भर का तो रास्ता है... अब तक तो पहुँच भी जाते इस्टेशन। -- फिर तू बोल ही क्यों नहीं देता अपने मुँह से? मैं अपनी बात पर अड़ा रहा। रिक्शावाले ने मुझे निगाह–भर देखा और एकदम लापरवाह होता हुआ बोला-- आप तो ऐसे कह रहे हैं जैसे मैं साला कोई 'मुहर' ही मांग लूंगा।... आइए बैठिए, मैं उधर ही जा रहा हूँ... आप वहाँ उतर जाइएगा... बस्स?

Ad blocker interference detected!


Wikia is a free-to-use site that makes money from advertising. We have a modified experience for viewers using ad blockers

Wikia is not accessible if you’ve made further modifications. Remove the custom ad blocker rule(s) and the page will load as expected.